Chirwa Ghati Zip Line Udaipur, इसमें उदयपुर की चीरवा घाटी में एडवेंचर ऐक्टिविटीज की जानकारी है।
उदयपुर की चीरवा घाटी में महात्मा गाँधी स्मृति वन उद्यान मौजूद है जो कई प्रकार के फूल लगे होने के कारण फूलों की घाटी के नाम से मशहूर है।
पहाड़ी के ऊपर सड़क के किनारे-किनारे लगभग साढ़े तीन किलोमीटर लंबाई में फैले इस पार्क के एक तरफ गहरी घाटी है।
चीरवा घाटी टनल बनने से पहले यह उदयपुर से नाथद्वारा जाने वाली सड़क हुआ करती थी जिसे अब फूलों की घाटी के रूप में विकसित कर दिया गया है।
अब इस जगह पर घनी हरियाली के बीच एक एडवेंचर पार्क मौजूद है जिसमें स्विंग झूला, स्काई साईकिलिंग, वॉल क्लाईम्बिंग और जिप लाइन जैसी कई तरह की ऐक्टिविटीज शामिल हैं।
पार्क में नेस्ट और रिंग ऑफ फायर जैसे सेल्फी पॉइंट बने हैं जहाँ आप यहाँ की यादों को शानदार सेल्फी के माध्यम से हमेशा के लिए सहेज कर ले जा सकते हैं।
हरी भरी घाटी के बीच में से उदयपुर नाथद्वारा सड़क पर दौड़ता ट्रेफिक एक अलग ही अहसास कराता है। जब आप स्काई साईकिलिंग, स्विंग झूले और जिप लाइन का मजा लेते हो तब घाटी और हाईवे का एक अलग ही दृश्य नजर आता है।
यहाँ पर उदयपुर की सबसे लंबी जिपलाइन है जिसकी लंबाई 700 मीटर है। ये जिपलाइन घाटी के एक छोर से शुरू होकर दूसरे छोर पर समाप्त होती है।
जिपलाइन पॉइंट से कुछ आगे ऐतिहासिक चीरवा दरवाजा बना हुआ है जो रियासत काल में नाथद्वारा की तरफ से आने वालों के लिए मुख्य द्वार हुआ करता था।
महाराणा राजसिंह के समय इस दरवाजे पर उनका औरंगजेब की सेना से युद्ध हुआ था। यहाँ पर दरवाजे से जुड़ा प्राचीन परकोटा भी है जो अंबेरी के जंगलों में काफी दूर तक बना हुआ है।
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